जनगणना के लिए 2100 प्रगणक और 350 पर्यवेक्षक होंगे तैनात
मोबाइल ऐप और डिजिटल टूल्स के माध्यम से होगी जनगणना
नारनौल, 7 जनवरी। उपायुक्त कैप्टन मनोज कुमार ने कहा कि जनगणना केवल आंकड़ों का खेल नहीं, बल्कि देश के भविष्य और ढांचागत विकास की आधारशिला है। लघु सचिवालय में आयोजित अधिकारियों की बैठक में उन्होंने स्पष्ट निर्देश दिए कि जनगणना-2027 के कार्य में रत्ती भर भी चूक न हो और इसे शत-प्रतिशत सटीकता के साथ पूरा किया जाए।
उपायुक्त ने बताया कि जनगणना कार्यों की सुगमता के लिए जिले की सभी प्रशासनिक सीमाओं को 31 दिसंबर 2025 से प्रभावी रूप से फ्रीज कर दिया गया है।
उन्होंने बताया कि महेंद्रगढ़ जिले में जनगणना कार्य के लिए लगभग 2100 प्रगणक और 350 पर्यवेक्षक तैनात किए जाएंगे।
डीसी ने बताया कि जनगणना दो चरणों में होगी।
प्रथम चरण में सबसे पहले मकान सूचीकरण और मकानों की गणना का कार्य किया जाएगा। यह कार्य अप्रैल से सितंबर 2026 के बीच होना है। इस चरण में प्रत्येक भवन और मकान को नंबर दिया जाएगा और उनका विवरण दर्ज होगा।
मकानों की गणना पूरी होने के बाद दूसरे चरण में जनसंख्या की गणना की जाएगी। यह कार्य 9 फरवरी से 28 फरवरी 2027 तक चलेगा। एक
मार्च से 5 मार्च 2027 तक रिवीजनल राउंड होगा ताकि छूटे हुए व्यक्तियों को शामिल किया जा सके।
उन्होंने बताया कि इस बार जनगणना पूरी तरह से मोबाइल ऐप और डिजिटल टूल्स के माध्यम से की जाएगी।
